Aug 12, 2026, 15:55
लखीमपुर खीरी के जिला अस्पताल से जुड़ा एक मामला स्वास्थ्य व्यवस्था और अस्पताल के स्टाफ की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, BJP विधायक रात करीब 1 बजे अस्पताल पहुंचे, लेकिन आरोप है कि स्टाफ ने करीब 15 मिनट तक उन्हें तवज्जो नहीं दी।
मामले ने यह सवाल भी खड़ा किया है कि अगर जनप्रतिनिधि को ही इमरजेंसी के दौरान इंतजार करना पड़े, तो आम मरीजों को किस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता होगा?
हालांकि, घटना से जुड़े ताजा और स्वतंत्र आधिकारिक विवरण की पुष्टि सीमित स्रोतों से ही हो पा रही है। इसलिए स्टाफ की कथित लापरवाही को फिलहाल आरोप के तौर पर ही देखा जाना चाहिए, जब तक अस्पताल प्रशासन या जिला प्रशासन की ओर से स्पष्ट बयान सामने न आए।
vidIQलखीमपुर खीरी के जिला अस्पताल से जुड़ा एक मामला स्वास्थ्य व्यवस्था और अस्पताल के स्टाफ की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर रहा है। रिपोर्ट के मुताबिक, BJP विधायक रात करीब 1 बजे अस्पताल पहुंचे, लेकिन आरोप है कि स्टाफ ने करीब 15 मिनट तक उन्हें तवज्जो नहीं दी।
मामले ने यह सवाल भी खड़ा किया है कि अगर जनप्रतिनिधि को ही इमरजेंसी के दौरान इंतजार करना पड़े, तो आम मरीजों को किस तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता होगा?
हालांकि, घटना से जुड़े ताजा और स्वतंत्र आधिकारिक विवरण की पुष्टि सीमित स्रोतों से ही हो पा रही है। इसलिए स्टाफ की कथित लापरवाही को फिलहाल आरोप के तौर पर ही देखा जाना चाहिए, जब तक अस्पताल प्रशासन या जिला प्रशासन की ओर से स्पष्ट बयान सामने न आए।